Chhattisgarh Bilaspur News: बिलासपुर। बिलासपुर जिले के रतनपुर थाना क्षेत्र में एक युवक के फिल्मी अंदाज में अपहरण कर उससे फिरौती मांगने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। बदमाशों ने युवक के गले पर चाकू अड़ाकर उसका अपहरण किया, फिर उसे जंगल ले जाकर गांजे के साथ फोटो खींची और झूठे मादक पदार्थ के मामले में फंसाने की धमकी देते हुए परिजनों से 50 हजार रुपये की फिरौती मांग ली। हालांकि, रतनपुर पुलिस की त्वरित कार्रवाई से आरोपी अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सके। पुलिस ने गिरोह के सरगना सहित एक नाबालिग को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दो आरोपी अभी भी फरार हैं।
पुलिस के अनुसार, कलमीटार के भेलवापारा निवासी घनश्याम पाटले (21) बुधवार दोपहर अपने घर के आंगन में मौजूद था। इसी दौरान इशांत सारथी, सोम रजक, निखिल रजक उर्फ एलियन और उनके साथी वहां पहुंचे। आरोपियों ने काम का बहाना बनाकर घनश्याम को घर से बाहर बुलाया। जैसे ही वह बाहर आया, बदमाशों ने उसके गले पर चाकू रख दिया और जबरन बाइक पर बैठाकर कोरबा-भांवर के घने जंगल की ओर ले गए।
जंगल में आरोपियों ने पहले एक कागज पर गांजा फैलाया और फिर घनश्याम के साथ उसकी तस्वीरें खींचीं। इसके बाद उसे झूठे गांजा तस्करी के मामले में फंसाने और जान से मारने की धमकी दी। आरोपियों ने घनश्याम से उसकी मां को फोन करवाकर यह कहलवाया कि वह पाली थाने में गांजे के साथ पकड़ा गया है और मामला खत्म कराने के लिए 50 हजार रुपये की जरूरत है।
इसके बाद बदमाशों ने फिरौती की रकम लेने के लिए पहले परिजनों को महामाया मंदिर बाईपास स्थित बादल महल के पास बुलाया, लेकिन बाद में बार-बार जगह बदलते रहे। अंत में उन्होंने रतनपुर हेलीपैड के पास आने को कहा। आरोपियों की इस हरकत से घनश्याम के जीजा शैलेंद्र कुमार को शक हुआ और उन्होंने तत्काल रतनपुर थाना पुलिस को सूचना दे दी।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी विष्णु यादव अपनी टीम के साथ सक्रिय हो गए। पुलिस ने सादे कपड़ों में आरोपियों का पीछा शुरू किया और लगातार बदल रही लोकेशन पर नजर बनाए रखी। जैसे ही आरोपी फिरौती की रकम लेने पहुंचे, पुलिस ने उन्हें घेर लिया। पुलिस को देखते ही आरोपी भागने लगे, लेकिन टीम ने इशांत सारथी (18) और उसके एक नाबालिग साथी को मौके से दबोच लिया।
पूछताछ में घटना की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने इशांत सारथी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। वहीं नाबालिग आरोपी को बाल संप्रेक्षण गृह भेजा गया है। मामले में शामिल सोम रजक और यश नामक दो आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह पूरी वारदात पूर्व नियोजित थी। आरोपियों ने युवक को झूठे मादक पदार्थ के मामले में फंसाने का भय दिखाकर अवैध रूप से रकम वसूलने की योजना बनाई थी। पुलिस मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है और फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने का दावा कर रही है।

