Chhattisgarh News: रायपुर। रायपुर जिले की सातों विधानसभा क्षेत्रों में विधायक निधि से स्वीकृत विकास कार्यों की प्रगति असंतुलित नजर आ रही है। कहीं काम तेजी से पूरे हो रहे हैं तो कहीं करोड़ों रुपये के भुगतान के बावजूद परियोजनाएं अधूरी पड़ी हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार जिले में स्वीकृत कुल कार्यों में करीब 46 प्रतिशत कार्य अब तक अधूरे हैं, जबकि 29 प्रतिशत कार्य शुरू भी नहीं हो पाए हैं। हैरानी की बात यह है कि निर्माण एजेंसियों को स्वीकृत राशि का 50 प्रतिशत से अधिक भुगतान किया जा चुका है, जिससे कार्यों की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े होने लगे हैं।
सबसे बेहतर स्थिति आरंग विधानसभा की दिखाई दे रही है, जहां विधायक खुशवंत साहेब के क्षेत्र में 50 स्वीकृत कार्यों में से 23 पूरे हो चुके हैं। यहां 19 कार्य निर्माणाधीन हैं और आठ कार्य प्रारंभ नहीं हो पाए हैं। आरंग में सर्वाधिक 2.94 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है, जिसके अनुपात में कार्यों की प्रगति अन्य क्षेत्रों की तुलना में बेहतर मानी जा रही है।
वहीं रायपुर दक्षिण विधानसभा की स्थिति को लेकर विरोधाभासी तस्वीर सामने आई है। क्षेत्र में कुल 143 कार्य स्वीकृत किए गए थे। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार 91 कार्य पूरे हुए, 40 अधूरे हैं और 12 कार्य प्रारंभ नहीं हो पाए हैं, जबकि पूर्व आंकड़ों में केवल नौ कार्य पूर्ण होने का उल्लेख है। इसके बावजूद लगभग 1.98 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। इस क्षेत्र का प्रतिनिधित्व विधायक सुनील सोनी कर रहे हैं।
रायपुर उत्तर विधानसभा में विधायक पुरंदर मिश्रा के क्षेत्र में 59 कार्य स्वीकृत हुए थे, लेकिन इनमें केवल छह कार्य पूरे हो सके हैं। 43 कार्य अधूरे हैं और 10 कार्य शुरू नहीं हो पाए हैं। इसी प्रकार विधायक राजेश मूणत के रायपुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में 47 स्वीकृत कार्यों में से केवल दो कार्य पूरे हुए हैं, जबकि 17 कार्य अधूरे और 28 कार्य प्रारंभ नहीं हो सके हैं। दोनों क्षेत्रों में करीब दो-दो करोड़ रुपये का भुगतान हो चुका है, लेकिन धरातल पर विकास कार्यों की रफ्तार बेहद धीमी बनी हुई है।
रायपुर ग्रामीण विधानसभा में 45 कार्य स्वीकृत हुए थे, जिनमें से केवल पांच पूरे हुए हैं। 32 कार्य अधूरे हैं और आठ कार्य शुरू नहीं हो पाए हैं। अभनपुर विधानसभा में 79 कार्यों में से 12 पूरे हुए हैं, जबकि 58 कार्य अधूरे हैं। धरसींवा विधानसभा में 49 स्वीकृत कार्यों में से 17 पूरे हो चुके हैं, 19 निर्माणाधीन हैं और 13 कार्य अब तक शुरू नहीं हो पाए हैं। इन तीनों क्षेत्रों में भी भुगतान और वास्तविक प्रगति के बीच बड़ा अंतर दिखाई दे रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क, सामुदायिक भवन और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े कई काम लंबे समय से अधर में लटके हुए हैं। निर्माण एजेंसियों की धीमी कार्यशैली और प्रशासनिक निगरानी की कमी के कारण जनता को अपेक्षित सुविधाएं समय पर नहीं मिल पा रही हैं। ऐसे में अब लंबित परियोजनाओं की जवाबदेही तय करने और कार्यों की नियमित समीक्षा की मांग तेज होने लगी है।
विधानसभावार स्थिति
| विधानसभा क्षेत्र | स्वीकृत कार्य | पूर्ण | अपूर्ण | अप्रारंभ | स्वीकृत राशि | भुगतान |
|---|---|---|---|---|---|---|
| रायपुर ग्रामीण | 45 | 5 | 32 | 8 | 3.95 करोड़ | 1.96 करोड़ |
| रायपुर पश्चिम | 47 | 2 | 17 | 28 | 3.96 करोड़ | 1.98 करोड़ |
| रायपुर उत्तर | 59 | 6 | 43 | 10 | 3.96 करोड़ | 1.98 करोड़ |
| रायपुर दक्षिण | 143 | 91 | 40 | 12 | 3.96 करोड़ | 1.98 करोड़ |
| अभनपुर | 79 | 12 | 58 | 12 | 3.96 करोड़ | 1.98 करोड़ |
| धरसींवा | 49 | 17 | 19 | 13 | 3.96 करोड़ | 1.98 करोड़ |
| आरंग | 50 | 23 | 19 | 8 | – | 2.94 करोड़ |

