Chhattisgarh Bilaspur News : बिलासपुर। सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत जिले के राशन कार्डधारकों को सितंबर और अक्टूबर 2026 का चावल एक साथ मिलेगा। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति संचालनालय ने वर्षा ऋतु और लॉजिस्टिक व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए दोनों महीनों का एकमुश्त आबंटन और वितरण करने के निर्देश दिए हैं।
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के साथ राज्य पोषित अंत्योदय, प्राथमिकता, निराश्रित और निःशक्तजन राशन कार्डधारियों को सितंबर और अक्टूबर का चावल एक साथ वितरित किया जाएगा। उचित मूल्य दुकानों में दोनों महीनों के चावल का भंडारण निर्धारित समय-सीमा में पूरा करना होगा।
हालांकि शक्कर, चना, नमक और गुड़ का वितरण पहले की तरह मासिक आबंटन के आधार पर ही किया जाएगा। वहीं एपीएल राशन कार्डधारियों को सितंबर की मासिक पात्रता के अनुसार ही चावल दिया जाएगा।
राशन वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए उचित मूल्य दुकानों के सूचना पटल पर दो माह के चावल वितरण की जानकारी प्रदर्शित करना अनिवार्य किया गया है। जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए निगरानी तंत्र भी सक्रिय रहेगा। खाद्य निरीक्षक और सहायक खाद्य अधिकारी दुकानों में भंडारित चावल की जांच करेंगे।
जांच के दौरान खाद्यान्न के व्यपवर्तन या किसी तरह की अनियमितता पाए जाने पर आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 और पीडीएस नियंत्रण आदेश 2016 के तहत कार्रवाई की जाएगी। शासन ने राशन वितरण व्यवस्था में किसी भी तरह की गड़बड़ी को लेकर सख्त रुख अपनाया है।
सितंबर महीने में जिले की सभी उचित मूल्य दुकानों पर चावल उत्सव भी आयोजित किया जाएगा। सतर्कता एवं निगरानी समिति के सदस्यों की मौजूदगी में हितग्राहियों को राशन वितरित किया जाएगा, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संपन्न हो सके।
ई-पास मशीन से राशन प्राप्त करते समय सितंबर और अक्टूबर महीने के चावल के लिए अलग-अलग बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण करना होगा। दोनों महीनों के चावल की अलग-अलग ई-पास जनरेटेड रसीद भी राशन कार्डधारियों को देना अनिवार्य होगा।
शासन के निर्देशों के अनुसार सितंबर और अक्टूबर महीने के चावल का एकमुश्त भंडारण उचित मूल्य दुकानों में कराया जा रहा है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि राशन वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए निगरानी समिति की मौजूदगी में वितरण कराया जाएगा और खाद्यान्न व्यपवर्तन या अनियमितता पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

