दुर्ग में क्रांतिकारी सुखदेव राज की प्रतिमा का भव्य अनावरण, पेंशनर्स महासंघ की पहल, सुखदेव राज की जीवनगाथा पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग

दुर्ग में क्रांतिकारी सुखदेव राज की प्रतिमा का भव्य अनावरण, पेंशनर्स महासंघ की पहल, सुखदेव राज की जीवनगाथा पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग

Chhattisgarh Durg News : दुर्ग। भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ की जिला इकाई दुर्ग ने देशप्रेम, सामाजिक समरसता और राष्ट्रनायकों के सम्मान की दिशा में अनुकरणीय पहल करते हुए शासकीय आदर्श कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, दुर्ग परिसर में महान क्रांतिकारी सुखदेव राज की प्रतिमा स्थापित की। सोमवार को आयोजित भव्य समारोह में छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा मंत्री एवं दुर्ग शहर विधायक गजेंद्र यादव ने प्रतिमा का अनावरण किया। कार्यक्रम में दुर्ग लोकसभा सांसद विजय बघेल, अहिवारा विधायक डोमन लाल कोर्सेवाड़ा, दुर्ग नगर निगम की महापौर अलका बाघमार तथा भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय महामंत्री वीरेन्द्र नामदेव समेत अनेक गणमान्य नागरिक और संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे।

कार्यक्रम की शुरुआत भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने रिमोट कंट्रोल के माध्यम से क्रांतिकारी सुखदेव राज की प्रतिमा का अनावरण किया। प्रतिमा के अनावरण के बाद उपस्थित लोगों ने महान क्रांतिकारी को श्रद्धापूर्वक नमन किया।

इस अवसर पर भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय महामंत्री वीरेन्द्र नामदेव ने स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव को ज्ञापन सौंपकर सुखदेव राज की जीवनगाथा और उनके राष्ट्र तथा समाजसेवा से जुड़े कार्यों को राज्य के स्कूल पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग की। उन्होंने कहा कि सुखदेव राज का जीवन त्याग, संघर्ष, राष्ट्रप्रेम और समाजसेवा की प्रेरणादायी मिसाल है। नई पीढ़ी को ऐसे महान व्यक्तित्वों के जीवन और योगदान से परिचित कराना जरूरी है। मंत्री गजेंद्र यादव ने मांग पर सकारात्मक पहल का भरोसा दिलाया। साथ ही प्रतिमा की सुरक्षा और संरक्षण के लिए स्थल पर शेड निर्माण कराने की घोषणा भी की।

स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने पेंशनर्स महासंघ की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे महापुरुषों की स्मृतियों को जीवंत रखना समाज की जिम्मेदारी है। विद्यालय परिसर में स्थापित प्रतिमा विद्यार्थियों को राष्ट्रप्रेम, सेवा और समाज के प्रति जिम्मेदारी की प्रेरणा देगी।

दुर्ग लोकसभा सांसद विजय बघेल ने कहा कि सुखदेव राज आचार्य विनोबा भावे के भूदान आंदोलन के सिलसिले में दुर्ग आए थे और बाद में दुर्ग के ही होकर रह गए। उन्होंने यहां कुष्ठ रोगियों की सेवा का अनुकरणीय कार्य किया। सांसद ने कहा कि कन्या शाला परिसर में उनकी प्रतिमा स्थापित होने से छात्राओं को सेवा, समर्पण और समाज के प्रति जिम्मेदारी का संदेश मिलेगा।

महापौर अलका बाघमार ने क्रांतिकारी सुखदेव राज की प्रतिमा स्थापित करने के लिए भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्ति के बाद भी पेंशनर्स समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहे हैं। सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यों में संगठन की सक्रिय भागीदारी सराहनीय है।

भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय महामंत्री वीरेन्द्र नामदेव ने दुर्ग जिला इकाई की टीम की सराहना करते हुए कहा कि चंद्रशेखर आजाद के साथी रहे महान क्रांतिकारी सुखदेव राज की स्मृति को चिरस्थायी बनाने के लिए किया गया यह कार्य अनुकरणीय है। उन्होंने कहा कि पेंशनर्स महासंघ केवल पेंशनरों के अधिकारों और समस्याओं के लिए कार्य करने वाला संगठन नहीं है, बल्कि समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए भी प्रतिबद्ध है।

कार्यक्रम के दौरान भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ छत्तीसगढ़ जिला दुर्ग के अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बी.के. वर्मा द्वारा क्रांतिकारी सुखदेव राज के जीवन पर लिखित पुस्तक “एक गुमनाम स्वामी – क्रांतिवीर सुखदेव राज” का विमोचन भी किया गया। पुस्तक में सुखदेव राज के जीवन, संघर्ष और राष्ट्र एवं समाज के प्रति उनके योगदान को सामने लाने का प्रयास किया गया है।

कार्यक्रम को जिला अध्यक्ष बी.के. वर्मा और जिला महासचिव पी.आर. साहू ने भी संबोधित किया तथा सुखदेव राज के जीवन और उनके समाजसेवा कार्यों पर प्रकाश डाला। समारोह में रायपुर से प्रदेश महामंत्री प्रवीण कुमार त्रिवेदी, संगठन मंत्री टी.पी. सिंह, कोषाध्यक्ष बी.एस. दसमेर, दैनिक वेतन भोगी पेंशनर कल्याण प्रकोष्ठ के संयोजक अनिल पाठक, दुर्ग संभाग अध्यक्ष बी.एल. गजपाल, रायपुर जिला अध्यक्ष आर.जी. बोहरे, सचिव ओ.डी. शर्मा, आर.के. दीक्षित सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन ममता ध्रुव ने किया तथा आभार प्रदर्शन बी.के. शर्मा ने किया।

दुर्ग में स्थापित क्रांतिकारी सुखदेव राज की प्रतिमा आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्रप्रेम, त्याग, सेवा, सामाजिक समरसता और समर्पण की प्रेरणा का केंद्र बनेगी। भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ की इस पहल से महान क्रांतिकारियों की स्मृतियों को जीवंत रखने और नई पीढ़ी को उनके योगदान से जोड़ने का संदेश दिया गया।


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