NEET (UG) 2026 Re-Exam: रायपुर। छत्तीसगढ़ में 21 जून को आयोजित होने वाली NEET (UG) 2026 की पुनर्परीक्षा को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। परीक्षा को निष्पक्ष, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। प्रदेश के 19 शहरों में कुल 127 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जबकि प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट एयरफोर्स के माध्यम से जिलों तक पहुंचाई जाएंगी।
मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित समीक्षा बैठक में सभी जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए। बैठक में परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा, प्रश्नपत्रों के सुरक्षित परिवहन, यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई।
परीक्षा की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखने पर जोर
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि केंद्र सरकार और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षा की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखने में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
छत्तीसगढ़ में 127 परीक्षा केंद्र
एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह ने बताया कि छत्तीसगढ़ के 19 शहरों में कुल 127 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। सभी केंद्रों पर मूलभूत सुविधाएं, सुरक्षा व्यवस्था और तकनीकी तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला प्रशासन को परीक्षा से पहले सभी केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की व्यक्तिगत समीक्षा करने को कहा गया है।
चूंकि 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस भी मनाया जाएगा, इसलिए मुख्य सचिव ने अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि योग दिवस के कार्यक्रमों का परीक्षा संचालन पर किसी भी प्रकार का असर नहीं पड़ना चाहिए। परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने वाले मार्गों को बाधारहित रखने और सुचारु यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की गई है।
विद्यार्थियों के मानसिक तनाव को कम करने के लिए जिला शिक्षा अधिकारियों और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों की संयुक्त टीमों को काउंसलिंग सत्र आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का उद्देश्य छात्रों को सकारात्मक, सुरक्षित और तनावमुक्त वातावरण उपलब्ध कराना है, ताकि वे पूरी एकाग्रता के साथ परीक्षा दे सकें।
तैयारियों की अंतिम समीक्षा के लिए 20 जून को राज्यभर में मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। वहीं प्रत्येक जिले में कंट्रोल रूम स्थापित किए जाएंगे, जहां से परीक्षा दिवस पर सभी गतिविधियों की निगरानी की जाएगी। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए त्वरित प्रतिक्रिया व्यवस्था भी तैयार रखी जाएगी।
राज्य सरकार और प्रशासन का दावा है कि इस बार परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित, पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए सभी जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं।

