Ujjain Accident News: उज्जैन। मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। बड़नगर तहसील के ग्राम गावड़ी लोधा में ग्राम पंचायत के सहायक सचिव सूर्य प्रताप सिंह सोनगरा (35) गुरुवार शाम उफनते नाले में बह गए। घटना के करीब 17 घंटे बीत जाने के बाद भी उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया है। पुलिस, एसडीआरएफ (SDRF) और स्थानीय ग्रामीण लगातार उनकी तलाश में जुटे हुए हैं। शुक्रवार सुबह पांच बजे से दोबारा बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, लेकिन खबर लिखे जाने तक सफलता हाथ नहीं लगी थी।
ड्यूटी से लौटते समय हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, सूर्य प्रताप सिंह ग्राम पंचायत गावड़ी लोधा में सहायक सचिव के पद पर कार्यरत थे। गुरुवार शाम करीब 7:30 बजे वे अपनी ड्यूटी समाप्त कर मोटरसाइकिल से घर लौट रहे थे। गांव पहुंचने के लिए उन्होंने पुराने मार्ग की पुलिया से गुजरने का प्रयास किया।
इसी दौरान क्षेत्र में हुई तेज बारिश के कारण पुलिया के ऊपर से नाले का पानी तेज रफ्तार से बह रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पानी का बहाव इतना अधिक था कि पुलिया दिखाई भी नहीं दे रही थी। इसके बावजूद जैसे ही सूर्य प्रताप सिंह ने बाइक के साथ पुलिया पार करने की कोशिश की, वे संतुलन खो बैठे और मोटरसाइकिल सहित उफनते नाले में बह गए।
रातभर चला रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही इंगोरिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय ग्रामीणों की मदद से तत्काल राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया गया। अंधेरा होने और तेज बारिश के बावजूद पुलिस ने रातभर सर्च ऑपरेशन जारी रखा। बाद में बड़नगर से रेस्क्यू टीम और उज्जैन से एसडीआरएफ की विशेष टीम भी मौके पर पहुंची और अभियान में शामिल हो गई।
कड़ी मशक्कत के बाद देर रात करीब 1 बजे घटनास्थल से लगभग 50 मीटर दूर सूर्य प्रताप सिंह की मोटरसाइकिल बरामद कर ली गई, लेकिन उनका अब तक कोई पता नहीं चल सका।
स्टॉप डैम का पानी निकालकर की गई तलाश
शुक्रवार सुबह बारिश कुछ कम होने के बाद पुलिस और एसडीआरएफ ने फिर से बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। तलाशी अभियान को आसान बनाने के लिए रास्ते में बने स्टॉप डैम का पानी जेसीबी मशीन की मदद से निकाला गया, ताकि जलस्तर कम होने पर नीचे तक खोजबीन की जा सके।
इसके बाद रेस्क्यू टीम ने नाले के किनारों, स्टॉप डैम के आसपास, बहाव वाले क्षेत्र और गांव की ओर जाने वाले हिस्सों में कई किलोमीटर तक तलाश की, लेकिन लापता सहायक सचिव का कोई सुराग नहीं मिल सका।
तेज बहाव बना रेस्क्यू में बड़ी चुनौती
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, लगातार बारिश और नाले में तेज जलप्रवाह के कारण बचाव कार्य में काफी मुश्किलें आ रही हैं। पानी का स्तर अधिक होने से गोताखोरों और रेस्क्यू टीम को भी अभियान चलाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद एसडीआरएफ, पुलिस और ग्रामीण लगातार संयुक्त रूप से खोज अभियान में लगे हुए हैं।
प्रशासन ने लोगों से की अपील
घटना के बाद प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के दौरान किसी भी उफनते नाले, पुलिया या जलमग्न सड़क को पार करने की कोशिश न करें। अधिकारियों का कहना है कि तेज बहाव का सही अंदाजा लगाना मुश्किल होता है और छोटी सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है।
फिलहाल पुलिस और एसडीआरएफ की टीमें लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। प्रशासन को उम्मीद है कि जलस्तर कम होने के बाद तलाश अभियान में सफलता मिल सकती है। पूरे क्षेत्र में इस हादसे के बाद चिंता और शोक का माहौल है तथा परिजन सूर्य प्रताप सिंह के सकुशल मिलने की उम्मीद लगाए बैठे हैं।

