Chhattisgarh Raipur News: रायपुर। जिले के तिल्दा-नेवरा में साइबर ठगी का मामला सामने आया है। यहां बैंक कर्मचारी बनकर एक अज्ञात व्यक्ति ने 76 वर्षीय बुजुर्ग को मोबाइल बैंकिंग सिखाने का झांसा दिया और उनके खाते से 5 लाख 46 हजार 223 रुपये निकाल लिए। आरोपी ने फोन पर बुजुर्ग से बैंक खाता नंबर, एटीएम कार्ड नंबर और ओटीपी की जानकारी हासिल की। इसके बाद दो बार में रकम दूसरे खाते में ट्रांसफर कर दी गई। मोबाइल पर पैसे निकलने का संदेश मिलने के बाद पीड़ित को ठगी का पता चला। पुलिस ने अज्ञात मोबाइल नंबर धारक के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक, नेवरा निवासी किशन लाल केडिया पहले दुकानदारी करते थे। उम्र अधिक होने के कारण अब वह घर पर ही रहते हैं। उन्होंने 2 अप्रैल 2025 को तिल्दा स्थित इंडसइंड बैंक में पांच लाख रुपये की फिक्स्ड डिपॉजिट कराई थी।
शिकायत के अनुसार, 2 मई 2026 की शाम करीब 5:29 बजे उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से फोन आया। फोन करने वाले ने खुद को बैंक से जुड़ा कर्मचारी बताते हुए मोबाइल पर बैंकिंग लॉगिन करना सिखाने की बात कही। उसने खाता नंबर, मोबाइल नंबर और अन्य बैंकिंग जानकारी मांगी। बुजुर्ग ने उसे बैंक कर्मचारी समझकर अपना खाता नंबर, मोबाइल नंबर, एटीएम कार्ड नंबर और ओटीपी बता दिया। फोन करने वाले ने भरोसा दिलाया कि 24 घंटे बाद मोबाइल पर पूरी जानकारी मिल जाएगी।
अगले दिन 3 मई को किशन लाल के मोबाइल पर खाते से रकम निकलने के संदेश आए। शिकायत में बताया गया है कि रूपाली कांबले के नाम से जुड़े खाते में दो बार रकम ट्रांसफर की गई। पहली बार 1 लाख 9 हजार 245 रुपये और दूसरी बार 4 लाख 36 हजार 978 रुपये निकाले गए। इस तरह कुल 5 लाख 46 हजार 223 रुपये खाते से चले गए। संदेश मिलने के बाद बुजुर्ग को अपने साथ हुई धोखाधड़ी का पता चला।
मामले में तिल्दा-नेवरा थाना पुलिस ने अज्ञात मोबाइल नंबर धारक के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

