Kawardha News: सावन के अंतिम सोमवार पर भव्य हुआ कवर्धा का धार्मिक आयोजन, महाआरती में शामिल हुए विजय शर्मा और बृजमोहन अग्रवाल

Kawardha News: सावन के अंतिम सोमवार पर भव्य हुआ कवर्धा का धार्मिक आयोजन, महाआरती में शामिल हुए विजय शर्मा और बृजमोहन अग्रवाल

Chhattisgarh Kawardha News: कवर्धा। श्रावण मास के अंतिम सोमवार के अवसर पर धर्मनगरी कवर्धा में हर हर शंकर, जय जय शंकर सेवा समिति द्वारा राजाधिराज भगवान भोलेनाथ की भव्य पालकी शोभायात्रा निकाली गई। 24 अगस्त को आयोजित इस यात्रा में बड़ी संख्या में शिवभक्त शामिल हुए। आयोजन समिति के अनुसार करीब 50 से 60 हजार श्रद्धालुओं की मौजूदगी से पूरा कवर्धा शहर भक्तिमय माहौल में नजर आया।

आयोजन समिति के मुख्य आयोजक उमंग पाण्डेय ने बताया कि पालकी शोभायात्रा दोपहर 3 बजे बुढ़ा महादेव मंदिर (जानकी रमण प्रभु देवालय) से प्रारंभ हुई। यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए अंबेडकर चौक पहुंची, जहां भस्म आरती और शाही आरती का आयोजन किया गया। इसके बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण कर यात्रा का समापन किया गया।

शोभायात्रा में नागपुर से आई प्रसिद्ध मां काली की झांकी के साथ 3 स्टार धुमाल, ढोल-ताशा, डमरू और अखाड़ा विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। आयोजन में कवर्धा के अलावा अन्य जिलों से भी श्रद्धालु पहुंचे। पूरे मार्ग में शिवभक्तों का उत्साह देखने को मिला और हर-हर महादेव के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा।

आयोजन समिति के मुख्य आयोजक सौरभ शर्मा ने बताया कि कार्यक्रम को भव्य बनाने के लिए आयोजित महाआरती में छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, ज्योतिर्मठ के सीईओ चंद्रप्रकाश उपाध्याय, रायपुर लोकसभा सांसद बृजमोहन अग्रवाल, अतुल देशलहरा, पूर्व पंडरिया विधायक मोतीराम चंद्रवंशी, ईश्वरी साहू, चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी, मनीराम साहू, गणेश तिवारी, नितेश अग्रवाल, सलिल चंद्राकर, मनोज ठाकुर सहित अन्य गणमान्य अतिथि शामिल हुए।

उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने आयोजन समिति के सदस्यों की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने कवर्धा में पहली बार इतनी बड़ी भीड़ देखी है। उन्होंने कहा कि इस आयोजन के पीछे समिति के सदस्यों की मेहनत और परिश्रम स्पष्ट दिखाई देता है। ऐसे धार्मिक और सामाजिक आयोजन ही कवर्धा को धर्मनगरी के रूप में पहचान दिलाते हैं।

आयोजन के संरक्षक एवं ज्योतिर्मठ के सीईओ चंद्रप्रकाश उपाध्याय ने कहा कि यह आयोजन धर्मनगरी कवर्धा में धार्मिक आस्था और आयोजन की भव्यता को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में यह आयोजन और भी व्यापक एवं ऐतिहासिक स्वरूप लेगा।

सावन के अंतिम सोमवार को आयोजित इस पालकी यात्रा ने कवर्धा में श्रद्धा और उत्साह का माहौल बना दिया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की मौजूदगी और भव्य झांकियों के बीच भगवान भोलेनाथ की पालकी यात्रा शहर के प्रमुख धार्मिक आयोजनों में शामिल रही।


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