Jabalpur Accident News: जबलपुर। मध्य प्रदेश में शनिवार का दिन दर्दनाक हादसों के नाम रहा। जबलपुर जिले के तिलवारा क्षेत्र स्थित दद्दा घाट पर नर्मदा नदी में तैरने गए तीन युवकों की डूबने से मौत हो गई। वहीं अशोकनगर जिले में भी सिंध नदी में डूबे एक युवक का शव बरामद होने से शोक की लहर फैल गई। दोनों घटनाओं ने प्रदेश में नदी और जलाशयों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
नर्मदा नदी में तैरने उतरे तीन दोस्त, गहरे पानी में समाए
जानकारी के अनुसार, जबलपुर के तिलवारा थाना क्षेत्र स्थित दद्दा घाट पर शनिवार को तीन युवक नर्मदा नदी में नहाने और तैरने पहुंचे थे। तैराकी के दौरान वे अनजाने में नदी के गहरे हिस्से में चले गए, जहां तेज बहाव और अधिक गहराई के कारण वे खुद को संभाल नहीं सके। कुछ ही पलों में तीनों पानी में डूब गए। घटना को देख आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस और गोताखोरों को सूचना दी।
तीन घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन, नहीं बच सकी जान
सूचना मिलते ही स्थानीय गोताखोरों, पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया। करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद तीनों युवकों के शव नदी से बाहर निकाले गए, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। मृतकों की पहचान सोहिल, साबिर और साहिल के रूप में हुई है, जो जबलपुर के मुजावर मोहल्ला क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शवों को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेज दिया।
अशोकनगर में सिंध नदी ने भी छीनी एक युवक की जिंदगी
इसी दिन अशोकनगर जिले के खैरोना गांव के पास सिंध नदी में डूबे 25 वर्षीय तारिक अजीजी का शव शनिवार सुबह बरामद किया गया। बताया जा रहा है कि युवक नदी में नहाने के दौरान डूब गया था। सूचना मिलने पर पुलिस और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा और शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इस घटना से मृतक के परिवार में मातम पसरा हुआ है।
परिजनों में मचा कोहराम, पूरे इलाके में शोक
जबलपुर और अशोकनगर की इन दोनों घटनाओं के बाद मृतकों के परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है। जैसे ही हादसे की सूचना परिजनों तक पहुंची, अस्पताल और घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जुट गई। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से नदी किनारे सुरक्षा के बेहतर इंतजाम करने और खतरनाक स्थानों पर चेतावनी बोर्ड लगाने की मांग की है।
प्रशासन ने जारी की चेतावनी, गहरे पानी से दूर रहने की अपील
घटनाओं के बाद पुलिस और प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के मौसम में नदियों और जलाशयों में नहाने या तैरने से बचें। अधिकारियों ने कहा कि तेज बहाव और बढ़े जलस्तर के कारण हादसों का खतरा काफी बढ़ जाता है। प्रशासन ने अभिभावकों से भी बच्चों और युवाओं को गहरे पानी में जाने से रोकने तथा सतर्कता बरतने की अपील की है। साथ ही दोनों मामलों की जांच जारी है।

