Chhattisgarh Bilaspur News: बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में 17 वर्षीय छात्रा को जान से मारने की धमकी देकर करीब एक साल तक ब्लैकमेल करने और उससे 14.5 लाख रुपये नकद तथा लगभग आधा किलो सोने के जेवर ऐंठने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है।
पुलिस के मुताबिक, सरकंडा क्षेत्र का आदतन बदमाश आयुष यादव अपने साथियों के साथ शहर के एक होटल में ठहरकर जमकर पैसे खर्च कर रहा था। सूचना मिलने पर पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। उसके पास से सोने की चेन और अंगूठी भी बरामद हुई। पूछताछ में उसने बताया कि ये जेवर और रुपये 12वीं कक्षा में पढ़ने वाली 17 वर्षीय छात्रा से लिए गए थे।
जांच में सामने आया कि करीब एक साल पहले छात्रा अपने परिचित के साथ एटीएम से पैसे निकालने गई थी। उसी दौरान आरोपी आयुष यादव ने उसे धमकाते हुए कहा कि यदि उसने किसी को इस बारे में बताया तो उसके साथ आए लड़के की हत्या कर देगा। डर के कारण छात्रा चुप रही और आरोपी लगातार उसे ब्लैकमेल कर पैसे मांगते रहे।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पहले छात्रा से उसके बैंक खाते से करीब 14.5 लाख रुपये निकलवाए। जब बैंक में पैसे खत्म हो गए तो उसे घर से सोने के जेवर लाने के लिए मजबूर किया गया। आरोप है कि छात्रा ने करीब आधा किलो सोना भी आरोपियों को दे दिया।
मामले का खुलासा तब हुआ जब पुलिस की पूछताछ के बाद छात्रा के परिजनों को इसकी जानकारी मिली। शिकायत दर्ज होने पर पुलिस ने आयुष यादव (22), आदर्श शर्मा (19), प्रिंस साहू (18) और आदित्य पांडेय (19) को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने कुछ सोना और नकदी अपने फरार साथियों प्रियम शर्मा और शौर्य करोलिया को देने की बात भी स्वीकार की है।
पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी आयुष यादव एक ASI का बेटा है और उसके खिलाफ पहले से हत्या के प्रयास समेत छह आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं पीड़ित छात्रा के चाचा पुलिस विभाग में आरक्षक हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सोने की चेन, अंगूठी और छात्रा के पैसों से खरीदी गई एक एक्टिवा जब्त की है।
फिलहाल पुलिस फरार दोनों आरोपियों की तलाश कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि आधा किलो सोना कहां और किसे बेचा गया। मामले की जांच जारी है।

