CG Durg News: दुर्ग। प्रदेश के स्कूलों में प्रार्थना, गायत्री मंत्र, भोजन मंत्र, गुरु वंदना एवं नैतिक-सांस्कृतिक गतिविधियों के संचालन को निरंतर जारी रखने के राज्य सरकार के निर्णय का गायत्री परिवार दुर्ग ने स्वागत किया है। इस संबंध में गायत्री परिवार के पदाधिकारियों ने प्रदेश के स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के प्रति आभार व्यक्त करते हुए जिला प्रशासन के माध्यम से कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि विद्यालयों में प्रार्थना, प्रेरणादायी मंत्र, राष्ट्रभावना तथा सांस्कृतिक गतिविधियां विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। इन गतिविधियों से बच्चों में अनुशासन, नैतिकता, आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और सामाजिक समरसता जैसे मूल्यों का विकास होता है, जो उनके व्यक्तित्व निर्माण के लिए आवश्यक हैं।
गायत्री परिवार ने अपने ज्ञापन में उल्लेख किया कि शिक्षा का उद्देश्य केवल शैक्षणिक ज्ञान प्रदान करना नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों में मानवीय गुणों, नैतिक मूल्यों और श्रेष्ठ चरित्र का निर्माण करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। ऐसे में विद्यालयों में नैतिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का नियमित संचालन विद्यार्थियों के समग्र विकास की दिशा में एक सार्थक पहल है।
पदाधिकारियों ने शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव और स्कूल शिक्षा विभाग के प्रति धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि शासन के इस निर्णय से प्रदेश में संस्कार आधारित शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने मांग की कि विद्यालयों में प्रार्थना, गुरु वंदना, गायत्री मंत्र एवं अन्य नैतिक-सांस्कृतिक गतिविधियों का संचालन भविष्य में भी निरंतर जारी रखा जाए।
इस अवसर पर विभिन्न सामाजिक एवं सांस्कृतिक संगठनों के प्रतिनिधि तथा गायत्री परिवार के सैकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम में हिंदू जागरण मंच, विचार क्रांति अभियान दुर्ग, सृजनशील युवा एवं महिला मंडल पीसेगांव, गायत्री परिवार पोटियाकला, गायत्री शक्तिपीठ उतई और गायत्री ज्ञान मंदिर कसारीडीह के सदस्य भी शामिल हुए।

