धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने बजट सत्र में उठाए जनहित के मुद्दे, उद्योगों में निरीक्षण और मदिरा राजस्व पर सरकार से मांगा जवाब

धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने बजट सत्र में उठाए जनहित के मुद्दे, उद्योगों में निरीक्षण और मदिरा राजस्व पर सरकार से मांगा जवाब

Chhattisgarh News: रायपुर। विधानसभा के बजट सत्र के दौरान धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने अपने विधानसभा क्षेत्र और प्रदेश से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को सदन के पटल पर उठाया। उन्होंने जनहित से जुड़े विषयों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करते हुए संबंधित विभागों से स्पष्टीकरण और जांच की मांग की।

बजट सत्र के दौरान विधायक अनुज शर्मा ने श्रम मंत्री से सवाल करते हुए पूछा कि क्या श्रम विभाग द्वारा कारखाना अधिनियम, 1948 और अन्य श्रम कानूनों के अंतर्गत नवंबर 2024 से जनवरी 2025 के बीच सिलतरा रायपुर स्थित जायसवाल निको इंडस्ट्रीज लिमिटेड के विभिन्न प्रभागों जैसे ब्लास्ट फर्नेस, पावर प्लांट, स्टील प्लांट तथा फ्लैट प्रोडक्ट डिवीजन में निरीक्षण किया गया था। साथ ही उन्होंने यह भी पूछा कि निरीक्षण के दौरान क्या-क्या कमियां पाई गईं, उन पर क्या कार्रवाई की गई और क्या किसी प्रकार का प्रतिबंधात्मक आदेश कारखाना प्रबंधन को जारी किया गया था।

इस पर वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने जवाब देते हुए बताया कि श्रम विभाग द्वारा जायसवाल निको इंडस्ट्रीज लिमिटेड, सिलतरा रायपुर के विभिन्न प्रभागों में निरीक्षण किया गया था। निरीक्षण के दौरान पाई गई कमियों पर कार्रवाई की गई तथा कारखाना अधिनियम, 1948 के तहत जांचकर्ता अधिकारी द्वारा कारखाना प्रबंधन को प्रतिबंधात्मक आदेश भी जारी किया गया था। मंत्री ने बताया कि जारी निर्देशों और सुझावों के पालन का प्रतिवेदन कारखाना प्रबंधन द्वारा प्रस्तुत किया गया है, जिसका निरीक्षणकर्ता अधिकारी द्वारा परीक्षण भी किया गया है।

हालांकि मंत्री के जवाब पर विधायक अनुज शर्मा ने आपत्ति जताते हुए कहा कि विभाग द्वारा केवल प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए जाते हैं, लेकिन ठोस कार्रवाई नहीं की जाती। इस पर मंत्री ने आवश्यक कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया।

इसके अलावा विधायक अनुज शर्मा ने आबकारी मंत्री से यह भी सवाल किया कि वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 में मदिरा बिक्री से कितना राजस्व और उपकर (सेस) का लक्ष्य निर्धारित किया गया था तथा 31 जनवरी 2026 तक कितनी राजस्व प्राप्ति हुई है।

जवाब में मंत्री लखन लाल देवांगन ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए कुल 10,500 करोड़ रुपये का आबकारी राजस्व लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिसके विरुद्ध 10,145.65 करोड़ रुपये की प्राप्ति हुई। इसमें 1,951 करोड़ रुपये अधोसंरचना विकास शुल्क और आबकारी शुल्क पर अधिरोपित 10 प्रतिशत अधिभार के रूप में 488 करोड़ रुपये शामिल हैं। वहीं वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 12,000 करोड़ रुपये का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके विरुद्ध 31 जनवरी 2026 तक 8,809.40 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो चुका है। इसमें 945 करोड़ रुपये अधोसंरचना विकास शुल्क और 10 प्रतिशत अधिभार के रूप में 530 करोड़ रुपये शामिल हैं।

वहीं विधायक अनुज शर्मा ने उपमुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण विभाग के मंत्री से यह भी सवाल किया कि विधानसभा क्षेत्र धरसींवा में वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 के दौरान लोक निर्माण विभाग के अंतर्गत सड़क, भवन तथा पुल-पुलिया निर्माण के कितने कार्य स्वीकृत किए गए हैं और उनमें से कितने कार्य पूर्ण, अपूर्ण या अप्रारंभ हैं।

इसके साथ ही शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव से धरसींवा विधानसभा क्षेत्र में समग्र शिक्षा, स्कूल जतन योजना, नवीन निर्माण, जीर्णोद्धार और विभाग द्वारा संचालित अन्य योजनाओं से संबंधित सवाल भी सदन में उठाए गए। विधायक ने इन योजनाओं के तहत स्वीकृत और प्रगति पर चल रहे कार्यों की जानकारी मांगी।

विधानसभा में उठाए गए इन सवालों के माध्यम से विधायक अनुज शर्मा ने क्षेत्रीय विकास और जनहित से जुड़े मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकर्षित किया।


Related Articles