Chhattisgarh Durg News: दुर्ग। धमधा ब्लॉक के ग्राम तुमाकला के पूर्व सरपंच, वर्तमान सरपंच पति और वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रकाश सिंह कश्यप की निर्मम हत्या के विरोध में सोमवार को जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग (ग्रामीण) ने जोरदार प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर के नेतृत्व में सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता जेवरा सिरसा पुलिस चौकी पहुंचे और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन किया।
घटना की जानकारी मिलते ही कांग्रेस कार्यकर्ता सबसे पहले जिला अस्पताल की मर्च्युरी पहुंचे। इसके बाद पार्थिव शरीर को लेकर जेवरा सिरसा पुलिस चौकी तक रैली निकाली गई। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ता शव वाहन से पार्थिव शरीर उतारकर धरना देना चाहते थे, लेकिन पुलिस अधिकारियों के आग्रह पर उन्होंने मुख्य मार्ग पर शव वाहन के सामने बैठकर धरना दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने पुलिस अधीक्षक, दुर्ग के नाम ज्ञापन सौंपते हुए तीन प्रमुख मांगें रखीं। इनमें 24 घंटे के भीतर सभी आरोपियों की गिरफ्तारी और कठोर कानूनी कार्रवाई, पुलिस की कथित लापरवाही की निष्पक्ष जांच कर जेवरा सिरसा पुलिस चौकी प्रभारी सहित संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई तथा जिले के संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित और प्रभावी रात्रिकालीन पुलिस गश्त सुनिश्चित करने की मांग शामिल है।
राकेश ठाकुर ने प्रदेश के गृहमंत्री विजय शर्मा पर भी निशाना साधते हुए कहा कि राज्य में लगातार बिगड़ती कानून-व्यवस्था और बढ़ते अपराधों की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उन्हें तत्काल इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने कहा कि एक जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ कांग्रेस नेता की दिनदहाड़े हत्या प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
उन्होंने कहा कि प्रकाश सिंह कश्यप केवल पूर्व सरपंच और वर्तमान सरपंच पति ही नहीं, बल्कि कांग्रेस के समर्पित कार्यकर्ता भी थे। उनकी हत्या से पूरे क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल है। राकेश ठाकुर ने चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा में आरोपियों की गिरफ्तारी और अन्य मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग (ग्रामीण) व्यापक जनआंदोलन शुरू करेगी।
प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की मौजूदगी से पुलिस चौकी के आसपास भारी भीड़ जुट गई। बाद में पुलिस प्रशासन द्वारा आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ। इसके पश्चात प्रकाश सिंह कश्यप के पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए उनके गृह ग्राम तुमाकला ले जाया गया।

