Chhatisgarh Balrampur News: बलरामपुर: शासकीय महाविद्यालय राजपुर में प्रवेश और अन्य शुल्कों में बढ़ोतरी को लेकर छात्र राजनीति गरमा गई है। एनएसयूआई (NSUI) के छात्र नेता विभु जायसवाल ने कॉलेज प्रशासन के फैसले पर आपत्ति जताते हुए फीस वृद्धि वापस लेने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि विद्यार्थियों को राहत नहीं दी गई, तो एनएसयूआई छात्र हित में आंदोलन करेगी।
गरीब और आदिवासी विद्यार्थियों पर बढ़ेगा आर्थिक बोझ
विभु जायसवाल ने कहा कि राजपुर शासकीय महाविद्यालय आदिवासी बहुल और आर्थिक रूप से पिछड़े क्षेत्र में स्थित है। यहां कई परिवार मजदूरी और खेती-किसानी के सहारे अपने बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाते हैं। ऐसे में फीस बढ़ने से आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के सामने उच्च शिक्षा हासिल करने में परेशानी खड़ी हो सकती है।
शासकीय कॉलेज में पढ़ाई सुलभ कराने की मांग
छात्र नेता ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवार निजी कॉलेजों की महंगी फीस वहन नहीं कर सकते, इसलिए वे अपने बच्चों को शासकीय महाविद्यालयों में पढ़ने भेजते हैं। ऐसे में सरकारी कॉलेज में शुल्क बढ़ने से विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ सकता है।
फीस वृद्धि वापस लेने की मांग
एनएसयूआई ने कॉलेज प्रशासन से फीस बढ़ोतरी के फैसले पर पुनर्विचार करने और विद्यार्थियों को आर्थिक राहत देने की मांग की है। विभु जायसवाल ने कहा कि शिक्षा हर विद्यार्थी का अधिकार है और आर्थिक तंगी के कारण किसी भी छात्र की पढ़ाई प्रभावित नहीं होनी चाहिए।
मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी
विभु जायसवाल ने स्पष्ट किया कि यदि कॉलेज प्रशासन जल्द ही फीस वृद्धि के संबंध में उचित निर्णय नहीं लेता है, तो एनएसयूआई विद्यार्थियों के हित में आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी। अब देखना होगा कि कॉलेज प्रशासन छात्रों की मांग पर क्या कदम उठाता है। फिलहाल, फीस वृद्धि को लेकर विद्यार्थियों के हितों से जुड़ा यह मुद्दा चर्चा में है।

