5 Percent Model Implementation कोरिया। जल संरक्षण और भूजल संवर्धन की दिशा में केंद्र सरकार ने छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले में सफल रहे ‘5 प्रतिशत मॉडल’ को राष्ट्रीय स्तर पर लागू करने की घोषणा की है। यह निर्णय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल की उपस्थिति में आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान लिया गया। बैठक में प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों के साथ जल संरक्षण एवं संवर्धन विषय पर विस्तृत चर्चा की गई और कोरिया जिले के इस नवाचार को देशभर में अपनाने पर सहमति बनी।
केंद्रीय मंत्री पाटिल ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि जब देश और दुनिया भूजल संकट से जूझ रहे हैं, ऐसे समय में कोरिया का यह मॉडल प्रेरणादायक उदाहरण है। उन्होंने कहा कि अब यह पहल केवल कोरिया तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि छत्तीसगढ़ सहित पूरे देश में लागू की जाएगी।
जिला कलेक्टर चंदन त्रिपाठी ने बताया कि बैकुंठपुर और सोनहत विकासखंड के गांवों में अभियान चलाकर किसानों को इस मॉडल की जानकारी दी गई। जागरूकता शिविरों और प्रचार-प्रसार के माध्यम से किसानों को प्रेरित किया गया, जिसके परिणामस्वरूप उन्होंने अपनी भूमि के एक हिस्से में सोख्ता गड्ढों का निर्माण किया। वर्षा जल संचयन से भूमि की नमी बढ़ी और फसलों को लाभ मिला।
‘आवा पानी झोंकी अभियान’ के अंतर्गत शुरू किए गए इस मॉडल में खेत या बाड़ी की कुल भूमि के पांच प्रतिशत भाग में सीढ़ीनुमा संरचना वाला सोख्ता गड्ढा तैयार किया जाता है। वर्षा जल को संरक्षित कर भूजल पुनर्भरण किया जाता है, जिससे भूजल स्तर में सुधार के साथ कृषि उत्पादकता में वृद्धि होती है।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. आशुतोष चतुर्वेदी ने कहा कि यह सफलता किसानों और ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी, जागरूकता और प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने विश्वास जताया कि ‘5 प्रतिशत मॉडल’ जल आत्मनिर्भर भारत की दिशा में मजबूत कदम साबित होगा और कोरिया जिले को राष्ट्रीय पहचान दिलाएगा।

