Raipur News: नवरात्रि में जगराता की होर्डिंग हटाने पर गरमाया माहौल, वायरल वीडियो के बाद आयोजक समिति और नगर पालिका अध्यक्ष आमने-सामने

Raipur News: नवरात्रि में जगराता की होर्डिंग हटाने पर गरमाया माहौल, वायरल वीडियो के बाद आयोजक समिति और नगर पालिका अध्यक्ष आमने-सामने

Chhattisgarh Raipur News: रायपुर। शारदीय नवरात्रि के दौरान आरंग में जगराता कार्यक्रम की प्रचार सामग्री हटाए जाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। श्री सार्वजनिक नवदुर्गोत्सव समिति महामाया पारा (बड़ी दुर्गा मां) ने नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन पर दुर्भावनापूर्वक फ्लेक्सी हटवाने का आरोप लगाया है। घटना के विरोध में समिति के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक आरंग थाने पहुंचे तथा अध्यक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की। वहीं, डॉ. संदीप जैन ने अपने ऊपर लगे आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें राजनीतिक द्वेष से प्रेरित बताया है।

समिति की ओर से पंचमी के अवसर पर 15 अक्टूबर को पद्मश्री अनुज शर्मा का जगराता कार्यक्रम आयोजित किया जाना है। आयोजकों के अनुसार, समिति सदस्य दीपक सोनी ने निजी खर्च से नगर के गौरवपथ पर श्रीराम तिराहा से तहसील कार्यालय तक स्ट्रीट लाइट के खंभों पर 50 से अधिक फ्लेक्सी और प्लेक्स लगवाए थे। इनमें कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायक अनुज शर्मा, समिति अध्यक्ष लल्ला साहनी और दीपक सोनी की तस्वीरें लगी थीं।

समिति पदाधिकारियों का आरोप है कि नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन फ्लेक्सी में अपनी तस्वीर नहीं होने से नाराज थे। उनके मुताबिक, अध्यक्ष ने समिति के सदस्यों को शाम 5 बजे तक का समय दिया था। इसके बाद जब समिति के सदस्य मूर्ति लेने नवागांव गए हुए थे, उसी दौरान नगर पालिका कर्मियों ने फ्लेक्सी हटा दीं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

विवाद तब और बढ़ गया, जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ। समिति और स्थानीय लोगों का दावा है कि वीडियो में नगर पालिका के कचरा वाहन में मां दुर्गा और कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब की तस्वीरों वाली फ्लेक्सी फाड़कर फेंकते हुए दिखाई दे रही हैं। इस घटना से नाराज लोगों ने धार्मिक आयोजन की प्रचार सामग्री के साथ कथित व्यवहार पर आपत्ति जताई और इसे धार्मिक भावनाओं से जुड़ा मामला बताया।

घटना के बाद समिति की आपात बैठक बुलाई गई। समिति के अनुसार, बैठक में सर्वसम्मति से डॉ. संदीप जैन को संरक्षक पद और प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित करने का निर्णय लिया गया। इसके बाद समिति पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और नगरवासी आरंग थाने पहुंचे और अध्यक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की। समिति के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि जगराता के प्रचार के लिए लगाई गई फ्लेक्सी को दुर्भावनापूर्वक हटाकर कचरा वाहन में डाला गया।

दूसरी ओर, नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए खारिज किया है। उन्होंने कहा कि भ्रामक खबरें फैलाकर उनकी छवि और पद की गरिमा को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने नगरवासियों से विवाद से ऊपर उठकर 15 अक्टूबर को होने वाले जगराता कार्यक्रम में शामिल होने और आयोजन को सफल बनाने की अपील भी की है।

फिलहाल फ्लेक्सी हटाने को लेकर समिति के आरोपों और नगर पालिका अध्यक्ष के पक्ष के बीच विवाद बना हुआ है। पुलिस में एफआईआर की मांग की गई है, जबकि मामले में आगे की कार्रवाई और आरोपों की पुष्टि को लेकर स्थिति स्पष्ट होना बाकी है।


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