CG Raipur News: रायपुर। छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल ने पर्यावरणीय मानकों का उल्लंघन करने वाले उद्योगों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। मंडल के क्षेत्रीय कार्यालय रायपुर द्वारा जनवरी 2025 से मई 2026 के बीच रायपुर, बलौदाबाजार-भाटापारा, धमतरी, महासमुंद और गरियाबंद जिलों में संचालित प्रदूषणकारी उद्योगों की निगरानी कर सख्त कदम उठाए गए हैं। इस दौरान 96 उद्योगों पर कुल 2 करोड़ 40 लाख 65 हजार 125 रुपये की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति अधिरोपित की गई है।
94 उद्योगों को नोटिस, 82 के खिलाफ बंदी की कार्रवाई
पर्यावरण संरक्षण मंडल के अनुसार जल एवं वायु प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों के औचक निरीक्षण के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर 94 उद्योगों को नोटिस जारी किए गए, जबकि 82 उद्योगों के उत्पादन बंद करने अथवा विद्युत विच्छेदन के निर्देश जारी किए गए।
बिना तारपोलिन परिवहन पर भी जुर्माना
निरीक्षण के दौरान कच्चे माल, उत्पाद और ठोस अपशिष्टों का बिना तारपोलिन ढंके परिवहन करने वाले 136 उद्योगों एवं संस्थानों पर 51 लाख 2 हजार 323 रुपये की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति लगाई गई। वहीं बिना पूर्व अनुमति फ्लाई ऐश के अपवहन और डम्पिंग के मामलों में दो उद्योगों पर 12 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
सिंगल-यूज प्लास्टिक के खिलाफ सख्त कदम
भारत सरकार के Plastic Waste Management Amendment Rules, 2021 और राज्य सरकार के छत्तीसगढ़ प्लास्टिक एवं अन्य गैर-बायोडिग्रेडेबल सामग्री नियम, 2023 के तहत प्रतिबंधित प्लास्टिक उत्पादों के निर्माण, भंडारण, विक्रय और उपयोग पर कार्रवाई जारी है।
जनवरी 2025 से मई 2026 के दौरान एक उद्योग का उत्पादन बंद कराते हुए 87 हजार 500 रुपये की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति लगाई गई और उसके खिलाफ न्यायालय में परिवाद भी दायर किया गया। वहीं एक अन्य उद्योग पर 6 लाख 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाकर उत्पादन बंद कराया गया। इसके अलावा दो अन्य उद्योगों के खिलाफ भी बंदी की कार्रवाई की गई।
रायपुर की हवा हुई पहले से बेहतर
पर्यावरण संरक्षण मंडल के अनुसार रायपुर शहर में वायु गुणवत्ता की निगरानी के लिए 4 Continuous Ambient Air Quality Monitoring Stations (CAAQMS) और 6 National Ambient Air Monitoring Programme (NAMP) स्टेशन संचालित किए जा रहे हैं।
वर्ष 2024 में रायपुर का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 65.38 दर्ज किया गया था, जो वर्ष 2025 में घटकर 62.86 रह गया। इस तरह शहर की वायु गुणवत्ता में लगभग 4 प्रतिशत सुधार दर्ज किया गया है। यह स्तर संतोषजनक श्रेणी में माना जाता है।
निगरानी और सख्त होगी
छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल ने स्पष्ट किया है कि पर्यावरणीय नियमों का उल्लंघन करने वाले उद्योगों के खिलाफ आगे भी नियमानुसार कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। प्रदेश में स्वच्छ और स्वस्थ पर्यावरण सुनिश्चित करने के लिए निगरानी और प्रवर्तन गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।

