Gariaband News: भूतेश्वरनाथ महादेव धाम में महाशिवरात्रि पर उमड़ा आस्था का सैलाब, सुरक्षा और व्यवस्थाओं के पुख्ता इंतजाम

Gariaband News: भूतेश्वरनाथ महादेव धाम में महाशिवरात्रि पर उमड़ा आस्था का सैलाब, सुरक्षा और व्यवस्थाओं के पुख्ता इंतजाम

CG Gariaband News: गरियाबंद (छत्तीसगढ़)। महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर गरियाबंद जिले के ग्राम मरौदा स्थित घने और सुरम्य जंगलों के बीच विराजमान भूतेश्वरनाथ महादेव धाम में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। ब्रह्ममुहूर्त से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें मंदिर परिसर में लग गईं और “हर-हर महादेव” व “बोल बम” के जयकारों से पूरा वनांचल शिवमय हो उठा।

पहाड़ों और हरियाली से आच्छादित इस पवित्र क्षेत्र को प्राचीन काल में “गिरिवन” के नाम से जाना जाता था, जो कालांतर में बदलकर गरियाबंद कहलाया। आज यही पावन धरती भगवान भोलेनाथ की अपार कृपा का साक्षी बन रही है।

विश्व का विशालतम स्वयंभू शिवलिंग

गरियाबंद जिला मुख्यालय से लगभग 5 किलोमीटर दूर ग्राम मरौदा के प्राकृतिक वातावरण में स्थापित यह स्वयंभू शिवलिंग विश्व के विशालतम स्वयंभू शिवलिंग के रूप में प्रसिद्ध है। मान्यताओं के अनुसार, इसकी ऊंचाई करीब 72 फीट और गोलाई लगभग 210 फीट है। श्रद्धालुओं का विश्वास है कि यह शिवलिंग प्राकृतिक रूप से निरंतर बढ़ रहा है। देशभर से भक्त यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं और सच्चे मन से मांगी गई हर मनोकामना पूर्ण होने की आस्था लेकर लौटते हैं।

दिनभर चलता है दर्शन और जलाभिषेक का सिलसिला

महाशिवरात्रि पर तड़के सुबह से ही श्रद्धालु भगवान भूतेश्वरनाथ महादेव के दर्शन, पूजन और जलाभिषेक के लिए पहुंचने लगे। किसी ने गंगाजल अर्पित किया तो किसी ने दूध, बेलपत्र और धतूरा चढ़ाकर भोलेनाथ का अभिषेक किया। दिन चढ़ने के साथ श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती रही।

मान्यता है कि महाशिवरात्रि के दिन किए गए दर्शन और जलाभिषेक से विशेष पुण्य फल की प्राप्ति होती है। यही कारण है कि छत्तीसगढ़ सहित अन्य राज्यों से भी हजारों श्रद्धालु परिवार सहित यहां पहुंचे।

सुरक्षा और व्यवस्थाओं के पुख्ता इंतजाम

भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर समिति और जिला प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। मंदिर परिसर और आसपास के मार्गों पर पुलिस बल तैनात किया गया है। भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं। परिसर में मेडिकल टीम भी तैनात है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

प्रशासन और समिति की अपील

प्रशासन और मंदिर समिति ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे दर्शन के दौरान शांति और अनुशासन बनाए रखें तथा सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग करें। किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर नजदीकी पुलिस कर्मियों या स्वयंसेवकों से संपर्क करने की सलाह दी गई है।

महाशिवरात्रि के इस पावन पर्व पर गरियाबंद का वनांचल एक बार फिर भक्तिभाव, आस्था और शिवमय वातावरण का अद्भुत केंद्र बन गया है।


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