CG Durg Latest News: दुर्ग। दुर्ग जिले के ग्राम धनोरा में आयोजित सुशासन तिहार के दौरान जनसमस्या निवारण शिविर में कथित अव्यवस्थित एवं अनुशासनहीन व्यवहार के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दुर्ग जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) रुपेश पांडेय को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई दुर्ग संभाग के आयुक्त एस.एन. राठौर द्वारा जारी आदेश के तहत की गई।
आयुक्त कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार, कलेक्टर दुर्ग के प्रतिवेदन तथा सुशासन तिहार के दौरान प्राप्त शिकायतों के आधार पर मामले की प्रारंभिक जांच कराई गई। जांच में यह पाया गया कि ग्राम धनोरा में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर के दौरान रुपेश पांडेय द्वारा अतिरिक्त जनपद पंचायत सीईओ के साथ अव्यवस्थित व्यवहार किया गया। प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने के बाद 30 मई 2026 को उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया था, लेकिन उनका जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया।
आदेश में कहा गया है कि संबंधित कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 का उल्लंघन है। नियमों के तहत प्रत्येक शासकीय सेवक के लिए पूर्ण निष्ठा, कर्तव्यपरायणता और अनुशासित आचरण बनाए रखना अनिवार्य है।
इसी आधार पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम 9(1)(क) के तहत रुपेश पांडेय को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय जिला पंचायत दुर्ग निर्धारित किया गया है तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।
महेंद्र कुमार जांगड़े को सौंपा गया अतिरिक्त प्रभार
आदेश के अनुसार जिला पंचायत दुर्ग में पदस्थ प्रभारी सहायक परियोजना अधिकारी महेंद्र कुमार जांगड़े अपने वर्तमान दायित्वों के साथ-साथ जनपद पंचायत दुर्ग के मुख्य कार्यपालन अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार भी संभालेंगे। यह आदेश 1 जून 2026 से तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।

