CG SIR Update:छत्तीसगढ़ में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत मतदाता सूची अपडेट करने का कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। 4 नवंबर 2025 से प्रदेशभर में चल रहे घर-घर सत्यापन अभियान के दौरान बीएलओ टीमों ने पंजीकृत मतदाताओं के गणना प्रपत्रों को एकत्र करने और उनका डिजिटाइजेशन करने में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की है।
29 नवंबर तक लगभग 1 करोड़ 82 लाख से अधिक गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन पूरा हो चुका है, जो कुल पंजीकृत मतदाताओं (2 करोड़ 12 लाख 30 हजार 737) का लगभग 86 प्रतिशत है।
SIR अभियान क्यों महत्वपूर्ण है?
इस अभियान का उद्देश्य राज्य की मतदाता सूची को अधिक पारदर्शी, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाना है। चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार, SIR के दौरान यह सुनिश्चित किया जाता है कि-
- मृत मतदाताओं के नाम हटाए जाएं
- डुप्लीकेट प्रविष्टियों की जांच हो
- नए पात्र मतदाताओं को जोड़ा जाए
- स्थानांतरित मतदाताओं के रिकॉर्ड अपडेट हों
इस प्रक्रिया से आने वाले चुनावों के लिए विश्वसनीय और स्वच्छ मतदाता सूची तैयार की जाती है।
शेड्यूल: कब क्या होगा?
मतदाता सूची के पुनरीक्षण कार्य का कार्यक्रम इस प्रकार है-
- मुद्रण और प्रशिक्षण: 28 अक्टूबर से 3 नवंबर 2025
- घर-घर सर्वे एवं सत्यापन: 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025
- मसौदा मतदाता सूची का प्रकाशन: 9 दिसंबर 2025
- दावे-आपत्तियां स्वीकार: 9 दिसंबर 2025 से 8 जनवरी 2026
- नोटिस चरण एवं सुनवाई: 9 दिसंबर 2025 से 31 जनवरी 2026
- अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन: 7 फरवरी 2026
यह पूरा शेड्यूल दर्शाता है कि राज्य चुनाव आयोग मतदाता सूची को अंतिम रूप देने में किसी भी स्तर पर समझौता नहीं करना चाहता।
बीएलओ की चुनौतियां और प्रशासन की तैयारियां
कई क्षेत्रों विशेषकर ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में मतदाताओं के पते बदलने, जानकारी अधूरी होने, दस्तावेज़ों की कमी और इंटरनेट कनेक्टिविटी जैसी दिक्कतें देखी गईं। इसके बावजूद प्रशासन ने अतिरिक्त टीमें तैनात कर, जिलों को विशेष निर्देश जारी कर, और डेटा एंट्री की निगरानी बढ़ाकर प्रक्रिया को तेज सुनिश्चित किया है।
नई मतदाता सूची 1 जनवरी 2026 से लागू
अंतिम मतदाता सूची 7 फ़रवरी 2026 को प्रकाशित होगी। यह सूची 1 जनवरी 2026 की स्थिति के आधार पर तैयार की जा रही है। यानी इस तारीख तक जो भी नागरिक 18 वर्ष की आयु पूरी कर रहे हैं, उन्हें मतदाता सूची में शामिल किया जा सकेगा।
मतदाताओं के लिए क्या करना जरूरी है?
मतदाता 9 दिसंबर से प्रकाशित होने वाली मसौदा सूची में अपना नाम, पता और अन्य विवरण जांच सकते हैं। अगर जानकारी में त्रुटि है या नाम नहीं है, तो ऑनलाइन और ऑफलाइन- दोनों तरीकों से दावा/आपत्ति दर्ज की जा सकती है।
