Chhattisgarh News: रायपुर। राष्ट्रीय कांग्रेस ने छत्तीसगढ़ में सत्ता से बाहर होने के बाद अब 2028 के विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन में बड़े बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी ने जमीनी स्तर पर पकड़ मजबूत करने के लिए प्रदेश की हर ग्राम पंचायत में ‘पंचायत अध्यक्ष’ नियुक्त करने का फैसला किया है। इसे संगठन को बूथ स्तर तक पुनर्जीवित करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।
संगठन में बड़ा फेरबदल
अब तक कांग्रेस का संगठनात्मक ढांचा जिला और ब्लॉक स्तर तक ही सक्रिय माना जाता था, लेकिन नई रणनीति के तहत पार्टी सीधे ग्रामीण मतदाताओं तक पहुंच बनाना चाहती है। सूत्रों के अनुसार पंचायत अध्यक्षों की नियुक्ति प्रक्रिया तेज कर दी गई है और जल्द ही नामों की घोषणा की जा सकती है।
पार्टी का मानना है कि पंचायत स्तर पर जिम्मेदारी तय होने से माइक्रो-मैनेजमेंट आसान होगा। इससे कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने, स्थानीय मुद्दों को उठाने और सरकार की नीतियों पर सीधा संवाद स्थापित करने में मदद मिलेगी।
कार्यकर्ताओं को नई जिम्मेदारी
इस पहल के जरिए उन कार्यकर्ताओं को नई पहचान और जिम्मेदारी दी जाएगी जो लंबे समय से गांवों में संगठन के लिए काम कर रहे हैं। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि इससे कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ेगा और संगठनात्मक ढांचा मजबूत होगा।
2028 विधानसभा चुनाव की तैयारी
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार यह कदम 2028 के विधानसभा चुनाव की रणनीतिक तैयारी का हिस्सा है। पंचायत स्तर पर संगठन खड़ा कर कांग्रेस बूथ प्रबंधन मजबूत करना चाहती है, ताकि आगामी चुनाव में भाजपा के मजबूत जमीनी नेटवर्क को चुनौती दी जा सके।
पार्टी नेतृत्व का दावा है कि यह प्रयोग छत्तीसगढ़ की राजनीति में नई दिशा तय करेगा और ग्रामीण क्षेत्रों में कांग्रेस की पकड़ को फिर से मजबूत करेगा।

