Bilaspur Police Action News बिलासपुर में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से पुलिस द्वारा पूरे जिले में निगरानी सूची में दर्ज गुंडों और बदमाशों के खिलाफ सघन अभियान चलाया गया। इसी क्रम में शनिवार को सरकंडा थाना परिसर में 146 गुंडा-बदमाशों की परेड कराई गई, जहां उनकी पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी की गई। इस दौरान 34 निगरानीशुदा बदमाशों की विशेष रूप से जांच की गई।
पुलिस ने चेकिंग के दौरान बदमाशों की वर्तमान गतिविधियों, उनके संपर्कों और आवागमन की बारीकी से पड़ताल की। साथ ही उनके आय के स्रोतों की भी जांच की गई, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे किसी आपराधिक गतिविधि में संलिप्त न हों। इसके अलावा, उनके खिलाफ दर्ज पुराने मामलों की समीक्षा करते हुए यह भी देखा गया कि वे न्यायालय में समय पर उपस्थित हो रहे हैं या नहीं और कहीं उनके खिलाफ कोई लंबित वारंट तो नहीं है।
पुलिस ने सभी संबंधित बदमाशों को सख्त चेतावनी दी है कि भविष्य में किसी भी प्रकार के अपराध में शामिल पाए जाने पर उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर उनकी जमानत निरस्त कराने के लिए न्यायालय में रिपोर्ट भी प्रस्तुत की जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार, चेकिंग के दौरान जो निगरानीशुदा बदमाश अनुपस्थित पाए गए, उनकी तलाश जारी है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस अभियान के तहत 15 मामलों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 126, 129 और 135 के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई, जबकि तीन वारंट भी तामील किए गए।
इसी बीच, कोतवाली थाना पुलिस ने टिकरापारा क्षेत्र के खटिक मोहल्ला में मारपीट के मामले में सूजी और अमन सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं तोरवा क्षेत्र में चाकूबाजी की घटना में हर्ष कुकरेजा और राकेश ध्रुव को धारदार हथियार के साथ पकड़ा गया, जिनके खिलाफ भी प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।

