CG Surajpur News: सूरजपुर। जनपद पंचायत भैयाथान की ग्राम पंचायत कसकेला में पंचायत की कार्यप्रणाली और शासकीय राशि के कथित दुरुपयोग को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। पंचायत के पंचों और ग्रामीणों ने सरपंच जयादेवी सिंह और पंचायत सचिव सियाराम यादव के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए 20 अगस्त को कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। शिकायतकर्ताओं ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
बैठक नहीं बुलाने के बावजूद राशि खर्च करने का आरोप
पंचों का आरोप है कि सरपंच के पदभार संभालने के बाद करीब डेढ़ वर्ष से ग्रामसभा और पंचों की बैठक नहीं बुलाई गई। इसके बावजूद पंचायत की विभिन्न मदों से राशि खर्च की गई। शिकायत में बिना प्रस्ताव और कथित तौर पर बिना कार्य कराए पंचायत की मूलभूत राशि और 15वें वित्त आयोग की राशि के आहरण का आरोप लगाया गया है।
1.88 लाख रुपये के भुगतान पर उठाए सवाल
शिकायत में पूर्व सरपंच द्वारा प्रभार में छोड़ी गई करीब 1 लाख 88 हजार रुपये की राशि को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। पंचों ने आरोप लगाया कि फर्जी बिल-वाउचर के माध्यम से राशि का आहरण किया गया। उन्होंने पंचायत के सभी भुगतान, बिल-वाउचर, प्रस्ताव और विकास कार्यों की दस्तावेजी जांच के साथ मौके पर भौतिक सत्यापन कराने की मांग की है।
पंचायत कार्यालय नियमित नहीं खुलने का आरोप
ग्रामीणों ने पंचायत सचिव पर लंबे समय से पंचायत कार्यालय नियमित रूप से नहीं खोलने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि पंचायत का कामकाज कथित तौर पर सचिव के घर से संचालित किया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों को जरूरी पंचायत संबंधी कार्यों के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने सचिव की गृह ग्राम में पदस्थापना की जांच और स्थानांतरण की भी मांग की है।
5 दिन का अल्टीमेटम, सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी
पंचों ने जिला प्रशासन को 5 कार्य दिवस का अल्टीमेटम दिया है। उनका कहना है कि यदि तय समय में शिकायत की निष्पक्ष जांच कर ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो पंचायत के सभी पंच सामूहिक रूप से अपना इस्तीफा जिला प्रशासन को सौंप देंगे।
शिकायत पर उपसरपंच गया प्रसाद यादव सहित सुशीला, शांति, राकेश, पारस राजवाड़े समेत कई पंचों और ग्रामीणों के हस्ताक्षर बताए गए हैं। अब मामला कलेक्टर के संज्ञान में पहुंचने के बाद पंचायत में लगाए गए वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों की जांच और प्रशासन की अगली कार्रवाई पर नजर है।

