दुर्ग/पाटन: केंद्र सरकार द्वारा संसद में प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026-27 का भाजपा प्रदेश मंत्री जितेन्द्र वर्मा ने जोरदार स्वागत किया है। उन्होंने इसे गांव से लेकर शहर तक विकास का स्वर्णिम अध्याय लिखने वाला और ‘विकसित भारत 2047’ के संकल्प को साकार करने वाला ऐतिहासिक दस्तावेज बताया।
भाजपा प्रदेश मंत्री जितेन्द्र वर्मा ने कहा कि यह बजट ‘कर्तव्य भवन’ में तैयार किया गया पहला बजट है, जो राष्ट्र के प्रति सरकार की जवाबदेही और कर्तव्यबोध को दर्शाता है। उन्होंने बताया कि बजट तीन प्रमुख उद्देश्यों पर आधारित है, जिसमें आर्थिक विकास को नई ऊंचाइयों तक ले जाना, जनआकांक्षाओं की पूर्ति करना और समावेशी विकास के माध्यम से ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र को मजबूत करना शामिल है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत यह बजट देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मजबूत आर्थिक नींव रखता है। बजट में समाज के हर वर्ग के हितों को समाहित किया गया है। कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देने और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने के प्रावधान किए गए हैं।
जितेन्द्र वर्मा ने कहा कि महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और मध्यम वर्ग को राहत देने वाली नीतियां इस बजट की बड़ी विशेषता हैं। इसके साथ ही व्यापारी वर्ग, एमएसएमई, स्टार्टअप्स और डिजिटल इंडिया को नई गति देने के लिए ठोस योजनाएं शामिल की गई हैं, जिससे देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
उन्होंने बताया कि बजट में स्वास्थ्य और शिक्षा के बुनियादी ढांचे को सशक्त करने, अधोसंरचना विकास की रफ्तार बढ़ाने और श्रमिक कल्याण पर विशेष फोकस किया गया है, ताकि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
जितेन्द्र वर्मा ने कहा कि यह बजट केवल एक वित्तीय दस्तावेज नहीं, बल्कि 2047 तक भारत को विश्व गुरु बनाने का संकल्प पत्र है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह बजट गांव की गलियों से लेकर शहरों के हाईवे तक विकास की नई इबारत लिखेगा और देश को सशक्त व आत्मनिर्भर बनाएगा।

